जिला विद्यालय निरीक्षक ने कहा कि जिले के विद्यालयों को निर्देश दिए गए हैं जिसमें उन्हें खेलों को बढ़ावा देने का काम करना है. इसके साथ ही कबड्डी और कुश्ती में भी आगे बढाने का काम किया जाना चाहिए. उन्होंने निर्देश दिए है कि हर सप्ताह के अंतिम दिन यह खेलकूद प्रतियोगिता का आयोजन किया जाना चाहिए. जिससे खिलाड़ियों में खेलों की भावना का विकास हो सके.
इसके साथ ही खिलाड़ियों को खेलों की जानकारी देने के लिए शिक्षक की भी व्यवस्था कर दी गई है. वहीं मैदान निर्माण को लेकर भी दिशा निर्देश दिए हैं. इसके साथ ही स्थानीय कबड्डी प्रतियोगिता में ग्रामीणों की सहभागिता भी जरूरी रहेगी. बता दें टीमों ने इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए काफी अच्छा अभ्यास करने के निर्देश दिए है. इसके साथ ही खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने का काम इस प्रतियोगिता के लिए किया जा रहा है.
खेल निदेशक ने कहा कि, ‘कबड्डी के विकास के लिए इस प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है. इसका उद्देश्य खिलाड़ियों और युवाओं को कबड्डी से जोड़ना है. इसके साथ ही युवाओं को नशे से दूर रखने और उन्हें खेलों के प्रति रुझान दिलाने के लिए इसका आयोजन किया जा रहा है.’
खिलाड़ियों को आने वाले टूर्नामेंट के लिए भी अच्छा प्रदर्शन करने के लिए शुभकामना दी. बता दें टीमों ने इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए काफी अच्छा अभ्यास करने वाले हैं. इसके साथ ही खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने का काम इस प्रतियोगिता के द्वारा किया जा रहा है.